बांकीमोंगरा | कटाईनार वार्ड क्रमांक 14
कटाईनार वार्ड क्रमांक 14 में पेयजल संकट, बोरिंग कार्य में कथित अनियमितता और धमकी के आरोपों को लेकर दिया गया मामला अब सिर्फ एक वार्ड की समस्या नहीं रह गया है, बल्कि प्रशासनिक संवेदनहीनता पर बड़ा सवाल बनता जा रहा है।
समाजसेविका एवं जिला सोशल मीडिया प्रभारी, सहकारिता प्रकोष्ठ भाजपा, जिला कोरबा डिंकी कौर द्वारा लगातार आवेदन, जनदर्शन शिकायत और सार्वजनिक रूप से मुद्दा उठाने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होना कई सवाल खड़े कर रहा है।
सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि जब सत्ताधारी दल से जुड़ी एक महिला पदाधिकारी की शिकायतों पर भी शासन-प्रशासन गंभीरता नहीं दिखा रहा, तो आम जनता की सुनवाई आखिर कैसे होती होगी?
शिकायत के बाद बढ़ी परेशानियां?
डिंकी कौर का आरोप है कि शिकायतें करने के बाद समस्याओं का समाधान होने के बजाय उन पर दबाव और बढ़ गया। पहले बोरिंग विवाद, फिर बयान वापस लेने का दबाव और अब वार्ड में पानी टैंकर तक बंद किए जाने के आरोपों ने मामले को और गरमा दिया है।
“क्या शिकायत करना गुनाह बन गया?”
लगातार आवेदन, जनदर्शन टोकन, नगर पालिका को पत्र और मीडिया में मामला उठने के बाद भी प्रशासनिक चुप्पी अब चर्चा का विषय बन गई है। वार्डवासियों के बीच भी यह सवाल उठने लगा है कि आखिर जिम्मेदार अधिकारी अब तक मौके पर पहुंचे क्यों नहीं?
जनता पूछ रही—
क्या जनदर्शन सिर्फ औपचारिकता बनकर रह गया है?
क्या महिला शिकायतकर्ता को न्याय मिलेगा?
क्या बोरिंग और पानी टैंकर मामले की निष्पक्ष जांच होगी?
या फिर पूरा मामला दबाने की कोशिश चल रही है?
वार्ड में भीषण गर्मी के बीच पानी की समस्या लगातार बनी हुई है और लोग परेशान हैं। अब देखना होगा कि जिला प्रशासन इस मामले में कब तक चुप्पी साधे रहता है और आखिर कब वास्तविक कार्रवाई होती है।
संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।
